कानपुर में CM योगी के सख्त निर्देश, सड़क तोड़ने वालों की अब खैर नहीं; फर्मों पर भी गिरेगी गाज

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को कानपुर में लोक निर्माण विभाग की समीक्षा बैठक में सड़क निर्माण और रखरखाव को लेकर सख्त निर्देश दिए हैं.

ANI
Reepu Kumari

कानपुर में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोक निर्माण विभाग की समीक्षा बैठक में सड़क विकास को नई गति देने के साथ साथ सख्ती का संदेश दिया है. सड़कों को नुकसान पहुंचाने वालों से क्षतिपूर्ति वसूलने और टेंडर लेकर काम न करने वाली फर्मों को ब्लैकलिस्ट करने के निर्देश दिए. जनप्रतिनिधियों के प्रस्तावों को प्राथमिकता देने का भी आश्वासन मिला है. गुरुवार को एचबीटीयू परिसर में हुई बैठक में मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि अब सड़क निर्माण में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. जो भी बनी सड़क को काटेगा या नुकसान पहुंचाएगा, उससे पूरा मुआवजा वसूला जाएगा. साथ ही टेंडर फाइनल होने के बाद भी काम शुरू न करने वाली कंपनियों पर सख्त कार्रवाई होगी. 

6 जिलों की 11,724 करोड़ की परियोजनाएं

कानपुर मंडल के छह जिलों-कानपुर नगर, कानपुर देहात, कन्नौज, इटावा, औरैया व फर्रुखाबाद-में कुल 1,374 परियोजनाओं के प्रस्ताव आए हैं, जिनकी कुल लागत 11,724 करोड़ रुपये है. मुख्यमंत्री ने इन सभी प्रस्तावों पर तेजी से काम करने के निर्देश दिए. 

जनप्रतिनिधियों के सुझावों को प्राथमिकता

बैठक में भाजपा विधायकों ने अपने क्षेत्र की जरूरतें रखीं. योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जनप्रतिनिधियों को इलाके की असली समस्याओं की बेहतर जानकारी होती है, इसलिए उनके प्रस्तावों को प्राथमिकता दी जाए. मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना, राज्य राजमार्ग, फ्लाईओवर, आरओबी आरयूबी और धार्मिक स्थलों को जोड़ने वाली सड़कों पर तेजी से काम होगा. 

दोषी फर्मों पर सख्त एक्शन

मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि पिछले वित्तीय वर्ष की परियोजनाओं में टेंडर पूरा होने के बाद भी काम न शुरू करने वाली फर्मों को ब्लैकलिस्ट किया जाए. जरूरत पड़ी तो एफआईआर भी दर्ज कराई जाए. सड़क नुकसान पहुंचाने वालों से नियमानुसार क्षतिपूर्ति वसूली सुनिश्चित की जाए. 

विकास कार्यों में तेजी

पीडब्ल्यूडी अधिकारियों ने बताया कि पिछले साल 5,497 करोड़ रुपये की 2,301 परियोजनाएं स्वीकृत हुई थीं, जिनमें से 1,242 पूरी हो चुकी हैं. मुख्यमंत्री ने गुणवत्ता बनाए रखते हुए शेष कार्य समयबद्ध पूरा करने पर जोर दिया.