menu-icon
India Daily

Russia-Ukraine conflict: 'युद्ध समाप्ति के लिए सही पल', रूस-यूक्रेन जंग पर जेलेंस्की का बड़ा बयान

यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के साथ फोन वार्ता के बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक महत्वपूर्ण संदेश साझा किया. उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि युद्ध को खत्म करने का 'उचित अवसर' अब आ चुका है और सहयोगी राष्ट्रों को रूस पर कठोर कूटनीतिक दबाव डालना चाहिए.

Gyanendra Sharma
Russia-Ukraine conflict: 'युद्ध समाप्ति के लिए सही पल', रूस-यूक्रेन जंग पर जेलेंस्की का बड़ा बयान
Courtesy: Social Media

Russia-Ukraine conflict: रूस के साथ चले आ रहे खूनी संघर्ष को समाप्त करने की दिशा में एक नई उम्मीद जगी है. यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के साथ फोन वार्ता के बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक महत्वपूर्ण संदेश साझा किया. उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि युद्ध को खत्म करने का 'उचित अवसर' अब आ चुका है और सहयोगी राष्ट्रों को रूस पर कठोर कूटनीतिक दबाव डालना चाहिए. यह बयान ऐसे समय में आया है जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप भी शांति प्रयासों में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं, लेकिन रूसी हमले यूक्रेन की ऊर्जा सुविधाओं पर जारी हैं.

जेलेंस्की ने अपनी पोस्ट में लिखा, "मैंने फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों से बात की. अब युद्ध की समाप्ति की ओर बढ़ने का सही समय आ गया है. सबसे जरूरी है कि हर मौके का पूरा फायदा उठाया जाए और रूस पर सटीक दबाव बनाया जाए." उन्होंने आगे जोर देकर कहा कि संघर्ष की शुरुआत करने वाले पक्ष पर ही दबाव डालना समाधान की मुख्य चाबी है. फोन कॉल में दोनों नेताओं ने हालिया घटनाक्रमों, साझेदार देशों के साथ संपर्कों और शांति स्थापना के कूटनीतिक कदमों पर विस्तार से चर्चा की. जेलेंस्की ने मैक्रों के समर्थन के लिए आभार व्यक्त करते हुए कहा, "हम निकट भविष्य में आमने-सामने मुलाकात करने पर राजी हो गए हैं."

जेलेंस्की ने पिछले हफ्ते ट्रंप से की बातचीत

यह बयान मध्य पूर्व में हाल ही में हुए शांति समझौते से प्रेरित लगता है जहां ट्रंप प्रशासन ने इजरायल-हमास संघर्ष को थामने में सफलता हासिल की. जेलेंस्की ने पिछले हफ्ते ट्रंप से बातचीत में भी इसी तरह की अपेक्षा जताई थी, जहां उन्होंने कहा था कि मध्य पूर्व की तरह रूस पर भी दबाव से शांति संभव है. लेकिन रूस की ओर से कोई सकारात्मक संकेत नहीं मिला है. इस हफ्ते रूस ने यूक्रेन पर 3,000 से अधिक ड्रोन, 1,300 गाइडेड बम और 50 मिसाइलों से हमले किए, जिससे ऊर्जा बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचा. जेलेंस्की ने इसे रूस की 'युद्ध की इच्छा' का प्रमाण बताते हुए सहयोगियों से हवाई रक्षा प्रणालियों और लंबी दूरी की मिसाइलों की आपूर्ति तेज करने की अपील की.

फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों ने जेलेंस्की का किया समर्थन

फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों ने भी जेलेंस्की की बात का समर्थन किया. उन्होंने कहा, "जैसे गाजा में शांति की किरण दिखी है, वैसे ही यूक्रेन में भी युद्ध का अंत होना चाहिए. अगर रूस जिद पर अड़ा रहा तो उसे कीमत चुकानी पड़ेगी." मैक्रों ने यूक्रेन को 20 अरब यूरो की अतिरिक्त सैन्य सहायता का वादा किया, जिसमें मौजूदा हथियारों की तत्काल आपूर्ति शामिल है. यूरोपीय संघ के 'इच्छुक गठबंधन' की बैठक में 26 देशों ने युद्धोत्तर यूक्रेन को सुरक्षा गारंटी देने का संकल्प लिया, जिसमें ब्रिटेन, जर्मनी और पोलैंड जैसे राष्ट्र शामिल हैं.

दूसरी ओर, अमेरिका में ट्रंप का फोकस रूस के साथ संबंध सुधारने पर है. व्हाइट हाउस से मिली जानकारी के मुताबिक, ट्रंप ने यूरोपीय नेताओं से रूसी तेल खरीद बंद करने को कहा है, जो मॉस्को की युद्ध फंडिंग का मुख्य स्रोत है. हालांकि, ट्रंप ने स्पष्ट किया कि यूक्रेन का नाटो में प्रवेश युद्ध समाप्ति का हिस्सा नहीं बनेगा. जेलेंस्की ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, "हम शांति के लिए जोखिम लेने को तैयार हैं, लेकिन रूस को किसी इनाम की अनुमति नहीं देंगे."