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India Daily

Kremlin Attack Alert: केर्च ब्रिज सील, क्रीमिया में धमाकों की गूंज से दहशत; रूस में मचा हड़कंप

Crimea Attack: सोमवार तड़के रूस के क्रीमिया में कई जोरदार धमाके हुए, जिससे स्थानीय क्षेत्रों में अफरातफरी मच गई. सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में धुएं के गुबार और इमारतों के हिलने की तस्वीरें सामने आई हैं.

Ritu Sharma
Edited By: Ritu Sharma
Kremlin Attack Alert: केर्च ब्रिज सील, क्रीमिया में धमाकों की गूंज से दहशत; रूस में मचा हड़कंप
Courtesy: Social Media

Crimea Attack: रूस के अधीन क्रीमिया में सोमवार तड़के कई जोरदार धमाकों की खबर सामने आई है, जिससे स्थानीय इलाकों में अफरातफरी मच गई. सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो और रिपोर्ट्स के मुताबिक, कई स्थानों पर धुएं के गुबार देखे गए हैं. ये धमाके इतने तीव्र थे कि आसपास के इलाकों की इमारतें हिल गईं और लोगों में दहशत फैल गई.

केर्च ब्रिज पर भी खतरे की आहट, यातायात बंद

खास बात यह है कि रूस और क्रीमिया को जोड़ने वाला महत्वपूर्ण केर्च ब्रिज (Kerch Bridge) भी इस बार खतरे की जद में बताया जा रहा है. रूसी अधिकारियों ने ऐहतियातन पुल को अस्थायी रूप से बंद कर दिया है. इस ब्रिज को पहले भी यूक्रेनी ड्रोन और मिसाइल हमलों का निशाना बनाया जा चुका है और इसे रूस के लिए एक प्रतीकात्मक और रणनीतिक महत्व का ढांचा माना जाता है.

आधिकारिक पुष्टि का इंतजार, लेकिन तनाव चरम पर

हालांकि अभी तक रूस की तरफ से आधिकारिक तौर पर इन धमाकों की पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन सैन्य विश्लेषकों का मानना है कि यह यूक्रेन द्वारा एक सुनियोजित हमला हो सकता है, जो क्रीमिया को दोबारा हासिल करने की कोशिशों का हिस्सा हो सकता है. यूक्रेन पहले भी इस क्षेत्र पर हमलों की जिम्मेदारी पर परोक्ष रूप से हामी भरता रहा है.

स्थानीय निवासियों में दहशत का माहौल

वहीं, क्रीमिया के कई स्थानीय निवासियों ने सोशल मीडिया पर बताया कि धमाकों की आवाज़ इतनी तेज थी कि घरों की खिड़कियां कांप गईं. एक यूजर ने लिखा, ''सुबह-सुबह लगा जैसे युद्ध शुरू हो गया हो. धुएं का गुबार अभी तक आसमान में है.''

केर्च ब्रिज - रूस के लिए एक नर्व सेंटर

केर्च ब्रिज, जिसे क्राइमियन ब्रिज भी कहा जाता है, रूस के लिए न सिर्फ सैन्य आपूर्ति का मुख्य रास्ता है, बल्कि यह उसकी क्रीमिया पर पकड़ का भी प्रतीक है. इस पर पहले भी यूक्रेन हमले कर चुका है, जिससे रूस को बड़ा झटका लगा था. इसलिए इसका फिर से बंद होना, रणनीतिक चिंता का विषय है.