उत्तराखंड के यात्रियों के लिए जल्द ही एक और खुशखबरी आने वाली है. पूर्वोत्तर रेलवे के इज्जतनगर मंडल ने काठगोदाम से दिल्ली (आनंद विहार टर्मिनल) तक वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन चलाने की तैयारी पूरी कर ली है. यह ट्रेन उत्तराखंड की तीसरी वंदे भारत सेवा होगी. रेलवे सूत्रों के मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 7 नवंबर को देश को चार नई वंदे भारत ट्रेनों की सौगात देने वाले हैं, जिनमें यह नई सेवा भी शामिल हो सकती है.
उत्तराखंड में अब तीन वंदे भारत ट्रेनें
फिलहाल उत्तराखंड में दो वंदे भारत ट्रेनें संचालित हैं –
अब तीसरी ट्रेन काठगोदाम से दिल्ली के बीच चलाई जाएगी. इससे नैनीताल, हल्द्वानी और रामनगर जैसे पर्यटन स्थलों तक पहुंच और तेज, और सुविधाजनक होगी. उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों की रेल कनेक्टिविटी को यह कदम नए युग की शुरुआत माना जा रहा है.
रेलवे ने इस रूट पर ट्रेन की रफ्तार बढ़ाने के लिए स्पेशल ट्रैक तैयार किया है. काठगोदाम से रामपुर तक 90 किलोमीटर का नया सेमी हाई-स्पीड ट्रैक बनाया गया है, जिसे वंदे भारत जैसी आधुनिक ट्रेनों के हिसाब से तैयार किया गया है. इस ट्रैक पर 200 से 250 मीटर लंबे मॉडर्न रेल सेक्शन, मजबूत फेंसिंग और हाई-सिक्योरिटी सिस्टम लगाए गए हैं. इससे ट्रेन 160 किमी प्रति घंटे की रफ्तार तक दौड़ सकेगी. रेलवे अधिकारियों का कहना है कि यह ट्रैक भविष्य में हाई-स्पीड और सेमी-बुलेट ट्रेनों के लिए भी उपयोगी रहेगा.
सूत्रों के अनुसार, काठगोदाम-दिल्ली वंदे भारत एक्सप्रेस को सप्ताह में छह दिन चलाने का प्रस्ताव है. वर्तमान में काठगोदाम स्टेशन पर सिर्फ एक सिंगल पिट लाइन है, जहां रोजाना छह से अधिक ट्रेनों की सफाई और मरम्मत का काम होता है. इस कारण रेलवे प्रशासन वंदे भारत की मेंटेनेंस दिल्ली स्टेशन पर कराने की योजना बना रहा है, जिससे ट्रेन का संचालन सुचारू रूप से हो सके.
इज्जतनगर मंडल की ओर से 11 जोड़ी नई ट्रेनों का प्रस्ताव रेलवे बोर्ड को भेजा गया है.
इनमें शामिल हैं –