Uttarakhand News: उत्तराखंड में नकल माफिया 'हाकम सिंह' का रामलीला में डंका, वीडियो में देखें कैसे पटवारी भर्ती पेपर लीक का उड़ा मजाक

Uttarakhand News: उत्तराखंड के चर्चित नकल माफिया हाकम सिंह, जिसने पटवारी परीक्षा पेपर लीक मामले से सुर्खियां बटोरीं, अब रामलीला के मंच तक पहुंच गया है. पिथौरागढ़ की रामलीला में उनके किस्सों पर मजाक किया गया, जिस पर दर्शक खूब हंसे. लेकिन हकीकत यह है कि हाकम सिंह पर भर्ती घोटालों से लेकर गैंगस्टर एक्ट तक गंभीर आरोप हैं और हाल ही में पुलिस ने उन्हें फिर से गिरफ्तार किया है.

x (@Himalaya_ghost)
Babli Rautela

Uttarakhand News: उत्तराखंड के पिथौरागढ़ में इस बार की रामलीला कुछ खास रही है. बुधवार शाम के मंचन में पात्रों के संवादों में नकल माफिया हाकम सिंह का जिक्र हुआ है. एक पात्र ने मजाकिया अंदाज में कहा, 'सुना है उत्तराखंड में पटवारी का पेपर लीक हो गया है.' इस पर दूसरे पात्र ने चुटकी ली, 'मैंने तो एग्जाम भरा ही नहीं महाराज!' इस संवाद पर दर्शक हंस पड़े और तालियों की गड़गड़ाहट से मंच गूंज उठा.

हाकम सिंह साल 2022 में पटवारी भर्ती परीक्षा पेपर लीक मामले का मुख्य आरोपी बना था. जांच में सामने आया कि इस पूरे घोटाले की जड़ में वही था. उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश में छापेमारी के दौरान कई ऐसे आरोपी पकड़े गए, जो भर्ती परीक्षा से सीधे तौर पर जुड़े थे. इस मामले ने प्रदेश की भर्ती प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं.

फिर से हुई हाकम सिंह की गिरफ्तारी

हाल ही में शनिवार को पुलिस और एसटीएफ ने हाकम सिंह को एक बार फिर गिरफ्तार कर लिया है. आरोप है कि रविवार को हुई UKSSSC परीक्षा से पहले ही उसने अपने साथी पंकज गौड़ के साथ मिलकर अभ्यर्थियों को पास कराने का लालच दिया और उनसे 15 लाख रुपये तक वसूलने की कोशिश की थी. यह रकम पेपर लीक कराकर उम्मीदवारों को अनुचित तरीके से परीक्षा पास कराने के लिए मांगी गई थी. पुलिस ने उसके खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत भी कार्रवाई की है और उसकी कई संपत्तियों को जब्त कर लिया गया है.

उत्तरकाशी में जिला पंचायत की राजनीति करने वाला हाकम सिंह लंबे समय तक अपने रसूख और पैसे के दम पर लोगों को प्रभावित करता रहा. जब उसके पास पैसा आने लगा तो उसने विदेश यात्राओं और ऐशो-आराम का शौक पाल लिया. यही नहीं, वह एक वीडियो एल्बम में भी नजर आया था. 

सोशल मीडिया पर ‘गुनाहों का देवता’

सोशल मीडिया पर हाकम सिंह के लिए अलग-अलग नाम चल रहे हैं. कोई उसे तंज कसते हुए 'रोजगार का देवता' बता रहा है, तो कोई उसे 'गुनाहों का देवता' कह रहा है. मीम्स के जरिए लोग उसकी करतूतों पर अपना अपना रिएक्शन साझा करते हैं.

प्रदेश में युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वाले इस घोटाले को लेकर जनता बेहद नाराज है. बेरोजगारी और प्रतियोगी परीक्षाओं में धांधली से जूझ रहे अभ्यर्थी हाकम सिंह को लेकर गुस्से में हैं. यही कारण है कि उसकी चर्चा न केवल अखबारों और न्यूज चैनलों में बल्कि सांस्कृतिक कार्यक्रमों और सोशल मीडिया में भी जमकर हो रही है.