चण्डीगढ़: पंजाब के तरनतारन विधानसभा उपचुनाव के नतीजों ने आम आदमी पार्टी को बड़ी राहत दी है. मंगलवार को हुई वोटिंग में 60.95 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया था, जो 2022 के विधानसभा चुनाव के 65.81 प्रतिशत मतदान से थोड़ा कम रहा. शांतिपूर्ण मतदान के बाद आज वोटों की गिनती शुरू हुई और शुरुआती रुझानों से लेकर अंतिम चरण तक सत्ता पक्ष आप के उम्मीदवार हरमीत सिंह संधू लगातार बढ़त बनाए रहे.
कुल 16 राउंड की गिनती में कई चरणों पर उतार-चढ़ाव दिखा, लेकिन हर राउंड में आप की बढ़त मजबूत होती गई. शुरुआत में शिरोमणि अकाली दल की उम्मीदवार सुखविंदर कौर दो राउंड के बाद 1480 वोटों से आगे थीं, लेकिन चौथे राउंड तक आते-आते तस्वीर बदल चुकी थी और हरमीत सिंह संधू ने बढ़त हासिल कर ली. आठवें राउंड के बाद उनकी बढ़त 3668 वोट हो गई.
नौवें राउंड तक यह बढ़त बढ़कर 5510 वोट तक पहुंच गई. जैसे-जैसे वोटों की गिनती आगे बढ़ी, आप उम्मीदवार ने अपनी पकड़ मजबूत कर ली. बारह राउंड की गिनती पूरी होने के बाद कुल 32520 वोटों की गिनती में हरमीत सिंह संधू 10236 वोटों की भारी बढ़त के साथ आगे थे. वहीं अकाली दल की सुखविंदर कौर को 22284 वोट मिले और वह दूसरे स्थान पर रहीं.
Celebration visuals of AAP supporters after the victory of Harmeet Singh Sandhu in the Tarn Taran by-election. #Punjab https://t.co/0otMzq58Qn pic.twitter.com/lAv7311mX1
— Gagandeep Singh (@Gagan4344) November 14, 2025Also Read
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सबसे दिलचस्प मुकाबला तीसरे स्थान के लिए देखने को मिला. स्वतंत्र उम्मीदवार मंदीप सिंह खालसा, जिन्हें अमृतपाल समर्थित अकाली दल (वारिस पंजाब दे) और अन्य एंटी–बादल गुटों का समर्थन मिला था, उन्होंने कांग्रेस और बीजेपी के उम्मीदवारों को पीछे छोड़ दिया. खालसा को 14432 वोट मिले और वह तीसरे स्थान पर रहे. कांग्रेस के करणबीर सिंह को 11294 वोट मिले और वह चौथे स्थान पर रहे. बीजेपी उम्मीदवार हरजीत सिंह संधू पांचवें स्थान पर रहे जिन्हें कुल 4653 वोट प्राप्त हुए.
यह उपचुनाव आप सरकार की लोकप्रियता की परीक्षा के रूप में देखा जा रहा था. जून में आप विधायक कश्मीर सिंह सोहल के निधन के बाद यह सीट खाली हुई थी और पार्टी के लिए यह प्रतिष्ठा का चुनाव बन गया था. तरनतारन जैसे बॉर्डर क्षेत्र में राजनीतिक और सामाजिक समीकरण हमेशा जटिल रहे हैं. ऐसे में आप की जीत को सरकार के प्रति भरोसे के संकेत के रूप में देखा जा रहा है. अंतिम नतीजों के साथ यह स्पष्ट हो गया कि आप एक बार फिर यह सीट अपने खाते में रखने में सफल रही है और हरमीत सिंह संधू ने आरामदायक जीत दर्ज की है.