'सम्मान और वित्तीय सुरक्षा सुनिश्चित करती है', यूनिफाइड पेंशन स्कीम पर और क्या बोले पीएम मोदी?
PM Modi: कैबिनेट द्वारा आज यूनिफाइड पेंशन स्कीम को मंजूरी दी गई है. इस स्कीम के तहत सरकारी कर्मचारियों को बेसिक पे का 50 फीसदी हिस्सा पेंशन के रूप में मिलेगा. इसकी घोषणा होने के बाद पीएम मोदी ने कहा कि यह स्कीम सरकारी कर्मचारियों के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता का प्रमाण है.
PM Modi: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को कहा कि यूनिफाइड पेंशन स्कीम (यूपीएस) सरकारी कर्मचारियों के कल्याण के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता के अनुरूप है. यह उनके परिवार के लिए सुरक्षित भविष्य सुनिश्चित करती है.
पीएम मोदी ने एक्स पोस्ट में कहा कि हमें उन सभी सरकारी कर्मचारियों की कड़ी मेहनत पर गर्व है जो राष्ट्रीय प्रगति में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं. यूनिफाइड पेंशन स्कीम सरकारी कर्मचारियों के लिए सम्मान और वित्तीय सुरक्षा सुनिश्चित करती है. यह उनकी भलाई और सुरक्षित भविष्य के लिए हमारी प्रतिबद्धता के अनुरूप है.
निश्चित पेंशन का विकल्प
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने आज कैबिनेट की बैठक में घोषणा करते हुए कहा कि यूनिफाइड पेंशन स्कीम (यूपीएस) के तहत सरकारी कर्मचारी अब सेवानिवृत्ति से पहले अंतिम 12 महीनों में प्राप्त एवरेज बेसिक पे का 50 प्रतिशत पेंशन के रूप में प्राप्त करने के पात्र होंगे. सरकारी कर्मचारियों के लिए नई पेंशन योजना यूपीएस में एक निश्चित सुनिश्चित पेंशन का प्रावधान शामिल है. वहीं, नई पेंशन योजना (NPS) में निश्चित पेंशन राशि की गारंटी नहीं है.
केंद्र सरकार के कर्मचारियों के पास राष्ट्रीय पेंशन योजना (NPS) में बने रहने या एकीकृत पेंशन योजना (UPS) में जाने के बीच चयन करने का विकल्प होगा. इसी तरह राज्य सरकारें यह तय कर सकती हैं कि उन्हें नया यूपीएस मॉड्यूल अपनाना है या नहीं.
एनपीएस से कैसे अलग है यूपीएस
न्यू पेंशन स्कीन में सरकारी कर्मचारियों को अपनी बेसिक सैलरी का 10 फीसदी हिस्सा जमा करना होता है. वहीं, 14 फीसदी हिस्सा सरकार द्वारा जमा किया जाता है. दूसरी ओर यूपीएस में कर्मचारियों को अपनी सैलरी से कोई कंट्रीब्यूशन नहीं करना होगा. इसमें सरकार अपनी ओर से 18.5 फीसदी हिस्सा जमा करेगी.