'कानून के हाथ लंबे होते हैं' ये कहावत ताजा मामले पर सटीक बैठती है. नोएडा थाना फेस-3 पुलिस ने लोकल इंटेलिजेंस और गुप्त सूचना के आधार पर बड़ी कार्रवाई करते हुए एक शातिर अपराधी को गिरफ्तार किया है. आरोपी का नाम शंभूनाथ मिश्रा है, जिसे गढ़ी चौखंडी क्षेत्र से पकड़ा गया। शंभूनाथ मिश्रा लंबे समय से लोगों को बेहद चालाकी और सफाई से धोखा देकर फंसा रहा था.
अभियुक्त शातिर किस्म का अपराधी है. पहले से शातिर दिमाग है सबूतों से यह तथ्य सामने आये है कि अभियुक्त 01.08.1986 दिल्ली पुलिस में बतौर आरक्षी के पद पर भर्ती हुआ था. लेकिन शिकायत होने व जांच के बाद अभियुक्त के समस्त शैक्षणिक व अन्य दस्तावेज फर्जी / जाली / कूटरचित पाये गये जिसके आधार पर अभियुक्त के विरुद्ध थाना मुखर्जी नगर दिल्ली वेस्ट पर मु0अ0स0 366/2004 धारा 420/468/471 भादवि अभियुक्त के विरुद्ध पंजीकृत हुआ और निलंबित कर दिल्ली पुलिस मुख्यालय द्वारा अभियुक्त को बर्खास्त कर दिया गया.
आरोपी शुरुआत से ही शातिर दिमाग व अपराधी प्रवत्ति का रहा है. आरोपी अपने आप को जनता को रिटायर्ड डिप्टी एसपी बताकर नाम शौहरत अच्छी दिखाकर नोएडा व एनसीआर की डूब क्षेत्र की जमीन/ नोएडा प्राधिकरण द्वारा अधिग्रहित की गयी जमीन को फर्जी दस्तावेज तैयार कर अपने सहअभियुक्तों के साथ जमीन का अन्य जनपदों से जीपीए कराकर बेच देता है
अपना नाम सामने नहीं लाता है अपने सहअभियुक्तो को ही जमीन का असली मालिक बनाकर आमजन से एक मोटी रकम वसूल कर आर्थिक लाभ कमाता है. कभी भी जब कोई बात आती है तो मामले को जमींन एवं सिविल प्रवत्ति का बताकर कोर्ट के माध्यम से अपने आप को बचा लेता है. अभियुक्त द्वारा प्लाट के विक्रेता के स्थान पर दूसरी महिला को खडा करके एवं रजिस्ट्ररी पेपर पर फोटो लगाकर के और गवाहान का फर्जी व क्रेता का फर्जी हस्ताक्षर करके आपराधिक षडंयत्र करके फर्जी दस्तावेज तैयार कर धोखाधडी एवं कूटरचना करके प्लाट बेचकर आर्थिक / भौतिक लाभ कमाना.
नोएडा से फर्जी डिप्टी एसपी गिरफ्तार। #noida pic.twitter.com/iGYMk4wO7C
— Santosh Pathak (@Santoshp_ndls) January 20, 2025