BSP Akash Anand: लोकसभा चुनावों के बाद विधानसभाओं के उपचुनाव आ गए है. इसमें पार्टियां आम चुनाव के अनुभव के आधार पर लड़ रही हैं. ऐसे में मायावती (BSP Mayawati) अपने भतीजे आकाश आनंद की री-एंट्री (Akash Re Entry In Politics) में लगी हैं. बीच लोकसभा चुनाव (Lok Sabha Elections 2024) में अपरिपक्व बताकर प्रचार से दूर किया गया और अब लगातार उनके कदम में इजाफा किया जा रहा है. कल आकाश को पंजाब और उत्तराखंड उपचुनाव के लिए स्टार प्रचारक बनाया गया और आज फिर उन्हें पुरानी जिम्मेदारी दे दी गई. ऐसे में BSP में ये आकाश की दोहरी उड़ान है.
बहुजन समाज पार्टी (बसपा) ने उत्तराखंड विधानसभा उपचुनाव के लिए आकाश आनंद को स्टार प्रचारक बनाया था. उसके बाद आज फिर मायावती ने उन्हें अपना उत्तराधिकारी घोषित कर दिया है. आकाश को बहुजन समाज पार्टी ने दोबारा राष्ट्रीय संयोजक बना दिया है. इस संबंध में रविवार को ऐलान कर दिया गया है.
लोकसभा चुनावों के बाद समीक्षा के लिए बहुजन समाज पार्टी ने रविवार को लखनऊ में बैठक बुलाई थी. इसमें सभी प्रदेशों के प्रमुख शामिल हुए थे. इस बैठक के लिए आकाश आनंद को भी बुलाया गया था. इस दौरान आकाश आनंद ने बुआ मायावती के पैर छूकर आशीर्वाद भी लिए. उसके बाद पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने भतीजे के सिर पर हाथ रखकर दुलारा और पीठ थपथपाई. कुछ समय बाद पार्टी की ओर से जारी सूचना में उन्हें नेशनल कोऑर्डिनेटर बना दिया गया.
शनिवार को आकाश आनंद की सक्रिय राजनीति में दोबारा वापसी हो गई थी. उन्हें पार्टी ने पंजाब और उत्तराखंड के रास्ते दोबारा लॉन्च किया था. दोनों राज्यों में होने वाले उपचुनाव के लिए आकाश आनंद को स्टार प्रचारक बनाया गया था. लिस्ट में उनका नाम मायावती के बाद दूसरे नंबर पर था. लगातार दूसरे दिन प्रमोशन करते हुए आज फिर उन्हें नेशनल कोऑर्डिनेटर बना दिया गया है.
आकाश का सियासी सफर महज 7 साल पुराना है. वो 2017 में पहली बार मायावती के साथ मंच पर नजर आए थे. तब बुआ ने ही भतीजे का परिचय दिया था. उसके बाद से वो सक्रिय होते गए और मायावती के साथ नजर आने लगे. पार्टी ने 2024 के चुनावों में स्टार प्रचारक बनाकर बूम दिया. कई राज्यों की जिम्मेदारी दी गई थी. चुनावों में उन्होंने ताबड़तोड़ रैलियां की लेकिन हरदोई में उपजे विवाद के बाद उन्हें पाक साफ रखने के लिए वापस खींच लिया गया था.