पश्चिम बंगाल क्यों नहीं पहुंचे कैलाश विजयवर्गीय, आंसूओं के साथ खुद ही खोल दिया राज
इंदौर बीजेपी कार्यालय में जीत के जश्न के दौरान मध्य प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने बड़ा राज उजागर किया. बोले- गिरफ्तारी से बचने के लिए नहीं गए बंगाल, टीएमसी सरकार ने ठोक रखे थे 38 फर्जी मुकदमे. जीत की खुशी में छलक गए आंसू.
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में बीजेपी को बढ़त मिलने पर कैलाश विजयवर्गीय के आंसू छलक गए. इसके साथ ही 2021 बंगाल विधानसभा चुनाव में बीजेपी के मुख्य रणनीतिकार रहे कैलाश विजयवर्गीय इस बार चुनाव प्रचार में नहीं पहुंचे, इसके पीछे का बड़ा राज भी उन्होंने खुद ही खोल दिया. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक कैलाश विजयवर्गीय ने खुद इस राज से पर्दा उठाते हुए कहा कि टीएमसी सरकार ने उनके ऊपर इस कदर फर्जी मुकदमे लाद दिए थे कि गिरफ्तारी के डर से वह बंगाल में चुनाव प्रचार करने नहीं गए. झमेले से बचने के लिए बीजेपी हाईकमान ने भी उनका बंगाल चुनाव प्रचार का कोई कार्यक्रम नहीं दिया.
जीत की खुशी में छलका दर्द, बोले- मैं बहुत खुश हूं
बंगाल से आ रहे बीजेपी की बंपर जीत के रुझानों के बीच मध्य प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय बंगाल नतीजों को देख अपने आंसू नहीं रोक पाए. उन्होंने कहा कि मुझे कितनी खुशी बता नहीं सकता. इस बीच कैलाश विजयवर्गीय ने यह भी बताया कि बंगाल सरकार ने उनके खिलाफ एक या दो नहीं, 38 फर्जी मुकदमे दर्ज कराए थे। इनमें रेप और चाइल्ड ट्रैफिकिंग जैसे संगीन आरोप हैं. गिरफ्तारी के वारंट जारी किए गए थे, इसलिए गिरफ्तारी से बचने के लिए वे बंगाल चुनाव प्रचार में नहीं गए. उन्होंने इंदौर भाजपा कार्यालय पर चल रहे जीत के जश्न का वीडियो पर एक्स पर शेयर करते हुए लिखा है कि बंगाल के रूझानों ने पूरे देश को ऊर्जा से भर दिया है.