'सुबह CM शपथ लेंगे, शाम तक बदला...' बंगाल में शुभेंदु अधिकारी के करीबी सहयोगी चंद्रनाथ की हत्या पर दोस्त कासिम अली की मांग
पश्चिम बंगाल के मध्यमग्राम में बीजेपी नेता शुभेंदु अधिकारी के करीबी सहयोगी चंद्रनाथ रथ की गोली मारकर हत्या के बाद राजनीतिक माहौल गरमा गया है.
कोलकाता: मध्यमग्राम की एक रात अचानक गोलियों की आवाज से दहशत में बदल गई. बीजेपी नेता शुभेंदु अधिकारी के करीबी सहयोगी चंद्रनाथ रथ की हत्या ने पश्चिम बंगाल की राजनीति को झकझोर दिया है. घटना के बाद इलाके में भारी तनाव है और राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं. अस्पताल से लेकर घटनास्थल तक समर्थकों की भीड़ जमा रही.
इस बीच मीडिया से बात करते हुए चंद्रनाथ के दोस्त कासिम अली का बयान सबसे ज्यादा चर्चा में है. आंखों में आंसू और आवाज में गुस्से के साथ उन्होंने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की. कासिम ने आक्रोश में कहा कि 9 तारीख को सुबह हमारा मुख्यमंत्री शपथ लेगा और शाम में एंकाउंटर चाहिए.
आखिरी बातचीत अब याद बनकर रह गई
कासिम अली के मुताबिक बुधवार शाम उनकी चंद्रनाथ रथ से फोन पर बात हुई थी. चंद्रनाथ ने उन्हें मिलने और चाय पर बातचीत के लिए बुलाया था. दोनों बीजेपी की जीत को लेकर जश्न की योजना बना रहे थे. कासिम ने कहा कि उन्होंने अगले दिन मिलने की बात कही थी, लेकिन कुछ घंटों बाद आई हत्या की खबर ने सबकुछ बदल दिया. यही बातचीत अब उनके लिए आखिरी याद बन गई है.
सड़क पर घेरकर बरसाईं गोलियां
पुलिस सूत्रों के अनुसार चंद्रनाथ रथ अपनी कार से जा रहे थे, तभी कुछ हमलावरों ने उनका पीछा शुरू किया. बताया जा रहा है कि एक कार और कई बाइक लगातार उनकी गाड़ी के पीछे थीं. कुछ दूरी पर रास्ता रोककर बेहद करीब से फायरिंग की गई. चंद्रनाथ को पांच गोलियां लगीं. गोलीबारी के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोग उन्हें अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया.
दोस्त ने जताई बड़ी साजिश की आशंका
हत्या के बाद कासिम अली ने दावा किया कि असली निशाना चंद्रनाथ नहीं, बल्कि शुभेंदु अधिकारी हो सकते थे. उनका कहना है कि हमलावर लंबे समय से रेकी कर रहे थे और उन्हें मूवमेंट की पूरी जानकारी थी. कासिम ने इसे सुनियोजित हमला बताया. हालांकि पुलिस ने अभी तक इस दावे की पुष्टि नहीं की है, लेकिन जांच एजेंसियां इस एंगल को भी गंभीरता से देख रही हैं.
राजनीतिक आरोपों से और गर्माया माहौल
घटना के बाद राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है. कासिम अली ने बातचीत के दौरान मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी पर गंभीर आरोप लगाए. उन्होंने कहा कि चंद्रनाथ रथ राजनीतिक वजहों से निशाने पर थे. हालांकि इन आरोपों को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है. पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने से पहले किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी.
जांच तेज, इलाके में सुरक्षा बढ़ाई गई
वारदात की गंभीरता को देखते हुए पश्चिम बंगाल के डीजीपी सिद्धनाथ गुप्ता खुद घटनास्थल पहुंचे. पुलिस ने हमले में इस्तेमाल कार को जब्त कर लिया है और सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं. शुरुआती जांच में नंबर प्लेट से छेड़छाड़ की बात सामने आई है. मध्यमग्राम और आसपास के इलाकों में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है. घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है.