क्या विजय को मिलेगा AIADMK का सपोर्ट? जानें बहुमत के आंकड़े से कितना दूर

विजय आज तमिलनाडु के मुख्यमंत्री पद की शपथ नहीं लेंगे. दरअसल, राज्यपाल को यह यकीन नहीं है कि विजय के पास सरकार बनाने के लिए पर्याप्त सीटें हैं या नहीं.

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Shilpa Srivastava

तमिलनाडु: अभिनेता से राजनेता बने विजय आज मुख्यमंत्री पद की शपथ नहीं लेंगे. इसका कारण यह है कि राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर को इस बात पर यकीन नहीं हैं कि विजय की पार्टी TVK के पास सरकार बनाने के लिए पर्याप्त सीटों का समर्थन है. हालांकि, कांग्रेस ने यह कह दिया है कि उनके साथ बाकी पार्टियां भी TVK के साथ जुड़ेंगी. सूत्रों के अनुसार, समर्थन जुटाने में एक या दो दिन का समय लग सकता है. 

बता दें कि राज्यपाल ने राज्य विधानसभा को भंग कर दिया है. बुधवार को, विजय ने राज्यपाल से मुलाकात करते हुए अगली सरकार बनाने का दावा पेश किया. वहीं, टीवीके के महासचिव आधव अर्जुन भी पार्टी की कानूनी टीम के साथ राज्यपाल से मुलाकात करेंगे. TVK और AIADMK के गठबंधन को लेकर भी चर्चा चल रही है.

TVK और AIADMK गठबंधन पर चल रही चर्चा:

TVK और AIADMK के गठबंधन को लेकर चर्चा चल रही है. बता दें कि AIADMK के पास 47 सीटें हैं, जिसमें से करीब 30 विधायक विजय को समर्थन दे सकते हैं. अगर ये दोनों पार्टियां साथ आ जाती हैं तो TVK आसानी से बहुमत का आकड़ा पार कर लेगी. अगर ऐसा हो जाता है तो TVK को शायद किसी के भी समर्थन की जरूरत नहीं पड़ेगी. कांग्रेस के समर्थन को लेकर DMK लगातार वार कर रही है.

कांग्रेस के समर्थन पर DMK का वार:

बुधवार को कांग्रेस के समर्थन की DMK ने आलोचना की है. डीएमके प्रवक्ता सरवनन अन्नादुराई का कहना है कि सिर्फ दो सीटों के लिए जनता की पीठ पर कांग्रेस छुरा घोंप रही है. DMK नेता सरवनन आनंदुरई ने कहा कि कांग्रेस सिर्फ दो मंत्री पदों के लिए खुद को तबाह कर रही है.

इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा, "सबसे अहम सवाल यह है कि यह बेवकूफी भरा फैसला किसने लिया और यह कांग्रेस पर किस तरह भारी पड़ने वाला है? मुझे नहीं लगता कि उन्होंने इस पर कोई गंभीर विचार-विमर्श किया था. बड़ा मुद्दा BJP के प्रति उनका विरोध है, जो उनका वैचारिक दुश्मन है."

TVK को कौन-कौन दे रहा है समर्थन: 

बता दें कि तमिलनाडु में हुए चुनाव के में TVK को 108 सीटें मिली हैं. उन्होंने सरकार बनाने के लिए 118 सीटों की जरूरत है. कांग्रेस ने उन्हें 5 सीटों का समर्थन दिया है, जिससे उनकी कुल सीट 112 (विजय की दो सीट एडजस्ट करने के बाद) हो गई हैं. इसके बाद भी अभी 6 सीटें बाकी हैं. अब देखना यह होगा कि अन्य पार्टियां या फिर निर्दलीय विधायक उनका समर्थन करते हैं या नहीं. अब विजय के लिए अगला कदम विधानसभा में अपना बहुमत साबित करना है. 

2 सीटें जीतने वाली VCK के नेताओं को बुधवार को मीटिंग करनी थी जिससे वो अपनी स्थिति तय कर पाएं. हाालांकि, इस बैठक को शुक्रवार तक के लिए टाल दिया गया है. दो वामपंथी पार्टियों (CPI और CPI-M, जिनके पास 2-2 सीटें हैं) ने भी फैसला लेने के लिए 8 मई तक का समय मांगा है.