menu-icon
India Daily

'भैंस की सवारी, सांसदी का सपना और नामांकन में धोखा,' इस उम्मीदवार के साथ हुआ सियासी खेला

Lok Sabha Elections 2024: अगर आप सोच रहे हैं कि भैंस और बैल का जमाना आउट ऑफ फैशन हो गया है तो जनाब आप गलत हैं. कुछ कलाकार लोग ऐसे भी हैं जिन्हें अब भी भैंस की सवारी ही करनी है. पढ़ें क्या है माजरा.

India Daily Live
'भैंस की सवारी, सांसदी का सपना और नामांकन में धोखा,' इस उम्मीदवार के साथ हुआ सियासी खेला
Courtesy: सोशल मीडिया

Lok Sabha Elections 2024: चुनावों में गाड़ियों के काफिले तो आपने बहुत देखे होंगे लेकिन कुछ लोग सादगी से भी दिल जीतते हैं. एक उम्मीदवार ने ऐसी 'सादगी' दिखाई जिसके बारे में जानकर आप भी सिर पीट लेंगे. शख्स के पास कार-बाइक नहीं थी इसलिए भैंस पर सवार होकर नामांकन करने का मन बना लिया. भैंस पर नेता जी बैठे और नामांकन के लिए शहर की ओर निकल पड़े. इस निर्दलीय उम्मीदवार के साथ तो बड़े नहीं आए लेकिन तमाम बच्चे देखकर पीछे-पीछे दौड़ पड़े. 

कप्तानगंज के गोभियापार गांव में रहने वाले अब्दुल गफ्फार ने निर्दलीय चुनाव लड़ने का मन बनाया था. उन्होंने पर्चा दाखिल करने के लिए भैंस बुलाई और जिला कलेक्ट्रेट की राह पकड़ ली. कलेक्ट्रेट तक का रास्ता लंबा था तो प्रस्तावक ही थक गया. बीच रास्ते से ही नेता जी प्रस्तावक भाग गए और उनके सांसद बनने के सपने ने दम तोड़ दिया. अब उन्हें अगले 5 साल और इंतजार करना होगा.

अब्दुल गफ्फार दुकानदार हैं. उनकी छोटी सी हार्ड वेयर की एक दुकान है. अब्दुल गफ्फार ने सोचा कि इस बार के चुनाव में कुछ बड़ा करते हैं. उन्होंने चुनाव लड़ने का मन तो बना लिया. नामांकन के लिए निकले भी लेकिन प्रस्तावक ने ही धोखा दे दिया. इस चुनाव में उन्हें मायूस रह जाना पड़ा. 

बस्ती में कौन-कौन है चुनावी मैदान में?
बस्ती में इस बार त्रिकोणीय मुकाबला है. समाजवादी पार्टी, बहुजन समाज पार्टी और भारतीय जनता पार्टी में मुख्य मुकाबला है. बसपा ने यहां लवकुश पटेल को टिकट दिया है. बीजेपी ने अपने सांसद हरीश द्विवेदी पर ही भरोसा जताया है, वहीं सपा और कांग्रेस की ओर से रामप्रसाद चौधरी इस सीट से लड़ रहे हैं. कुल 11 उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं.