Meta ने छंटनी को लेकर दिया बड़ा अपेडट, 1500 नौकरियां जाने के बाद नए ले-ऑफ पर कर्मचारियों से क्या कहा?
मेटा ने पुष्टि की है कि वह पिछले वर्ष की तरह प्रदर्शन के आधार पर 5% सामूहिक छंटनी नहीं दोहराएगा. हालांकि रियलिटी लैब्स में कटौती हुई है, लेकिन अब यह प्रक्रिया वार्षिक अनुष्ठान नहीं बनेगी.
नई दिल्ली: मेटा के गलियारों में पिछले कई महीनों से छंटनी को लेकर जो डर और अटकलें व्याप्त थीं, उन पर अब कंपनी ने पूरी तरह विराम लगा दिया है. कंपनी ने आधिकारिक तौर पर अपने कर्मचारियों को सूचित किया है कि वह 2026 में पिछले साल की तरह कंपनी-व्यापी प्रदर्शन छंटनी नहीं करेगी. पिछले साल सबसे कम रेटिंग वाले 5% कर्मचारियों को निकालने की प्रक्रिया ने काफी सुर्खियां बटोरी थीं. अब कंपनी का कहना है कि वे इस तरह के वार्षिक अनुष्ठान को भविष्य में जारी नहीं रखेंगे.
भले ही कंपनी ने सामूहिक छंटनी से इनकार किया हो, लेकिन रियलिटी लैब्स विभाग में हाल ही में करीब 10% कर्मचारियों की छंटनी की गई है. इस छंटनी की चपेट में लगभग 1,000 से 1,500 लोग आए हैं. इसका सबसे अधिक प्रभाव उन टीमों पर पड़ा है जो वीआर हेडसेट और वर्चुअल सोशल नेटवर्क 'होराइजन वर्ल्ड्स' के विकास में लगी थीं. इसी प्रोजेक्ट के आधार पर फेसबुक का नाम बदलकर मेटा रखा गया था, लेकिन अब कंपनी अपनी प्राथमिकताओं को फिर से परिभाषित कर रही है.
एआई शोध के लिए नया बजट
मेटा अब अपना पूरा ध्यान और पैसा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की ओर मोड़ रहा है. एंड्रयू बोसवर्थ ने एक महत्वपूर्ण बैठक में कर्मचारियों को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित रहने को कहा था, जो अक्सर बड़े बदलाव का पूर्व संकेत होता है. मार्क जुकरबर्ग ने वरिष्ठ अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि वे 2026 के बजट में कटौती करें ताकि 'टीबीडी लैब' जैसी गुप्त इकाइयों को फंड दिया जा सके. यह यूनिट सुपरइंटेलिजेंस जैसी भविष्यवादी तकनीक पर शोध कर रही है ताकि प्रतिस्पर्धा में बढ़त बनाई जा सके.
रियलिटी लैब्स का सफर आर्थिक रूप से अब तक काफी चुनौतीपूर्ण रहा है. साल 2020 से अब तक इस विभाग ने 70 अरब डॉलर से अधिक का भारी घाटा सहा है. अरबों के निवेश के बावजूद उपभोक्ता वीआर हेडसेट्स की ओर उस तरह आकर्षित नहीं हुए जैसी कंपनी को उम्मीद थी. हालांकि, रे-बैन स्मार्ट ग्लास कंपनी के लिए एक बड़ी कामयाबी साबित हुए हैं. इनकी 20 लाख से ज्यादा की बिक्री ने मेटा को हार्डवेयर क्षेत्र में एक नई और बेहद सफल दिशा दिखाने का कार्य किया है.
प्रदर्शन प्रबंधन का पिछला इतिहास
छंटनी का यह पूरा विवाद जनवरी 2025 में शुरू हुआ था. तब जुकरबर्ग ने एक आंतरिक मेमो के जरिए प्रदर्शन प्रबंधन के स्तर को ऊंचा उठाने की इच्छा जताई थी. इसके बाद एक नीति बनी जिसके तहत फरवरी 2025 तक लगभग 5% कर्मचारियों की छंटनी की गई थी. कंपनी के आंतरिक दस्तावेजों से उस वक्त संकेत मिले थे कि यह एक वार्षिक प्रक्रिया हो सकती है. लेकिन अब कंपनी ने साफ कर दिया है कि कर्मचारियों के प्रदर्शन के आधार पर ऐसी सामूहिक विदाई अब नहीं की जाएगी.
भविष्य की रणनीति और स्पष्टीकरण
मेटा के प्रवक्ता ने बिजनेस इनसाइडर को बताया कि वर्तमान में जो भी छंटनी हो रही है, वे व्यक्तिगत मामले हैं न कि कोई कंपनी-व्यापी अभियान. 2026 के लिए वह '5% लो परफॉर्मर्स' वाली रणनीति अब पूरी तरह ठंडे बस्ते में डाल दी गई है. कंपनी अपनी कार्यकुशलता बढ़ाने के साथ-साथ अब कर्मचारियों के मनोबल को भी संतुलित करना चाहती है. अब पूरा फोकस एआई और नए स्मार्ट वेयरबल्स को बेहतर बनाने पर है ताकि बाजार में अपनी बादशाहत को तकनीक के दम पर बरकरार रखा जाए.