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सूरजकुंड मेला कब से हो रहा शुरू, कैसे जाएं? रुट से लेकर टिकट तक, यहां जानिए Atoz पूरी डिटेल

नए साल की शुरुआत के साथ ही सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय हस्तशिल्प मेला एक बार फिर पर्यटकों के लिए तैयार है. 31 जनवरी से 15 फरवरी तक चलने वाला यह मेला अब ‘आत्मनिर्भर’ थीम के साथ आयोजित किया जा रहा है.

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Reepu Kumari

हर साल संस्कृति, कला और शिल्प के रंगों से सराबोर सूरजकुंड मेला लोगों को अपनी ओर खींचता है. देश ही नहीं, बल्कि विदेशों से भी पर्यटक यहां पहुंचते हैं और अलग-अलग राज्यों की लोक संस्कृति को करीब से देखते हैं. नए साल के साथ इस मेले का इंतजार भी शुरू हो जाता है.

इस बार सूरजकुंड मेला कई मायनों में खास है. नाम बदला गया है, थीम को आत्मनिर्भर भारत से जोड़ा गया है और आयोजन को पहले से ज्यादा सुविधाजनक बनाया गया है, ताकि पर्यटकों को किसी तरह की परेशानी न हो.

कब से कब तक चलेगा मेला

इस साल अंतरराष्ट्रीय सूरजकुंड हस्तशिल्प मेला 31 जनवरी से शुरू होकर 15 फरवरी तक चलेगा. करीब 16 दिनों तक चलने वाले इस मेले में देश-विदेश के कई सैन, कलाकार और लोक कलाकार हिस्सा लेंगे. मिस्र समेत कई देशों से पर्यटकों और कलाकारों के आने की भी पुष्टि की गई है.

बस सुविधा से सफर होगा आसान

पर्यटकों की सुविधा के लिए विशेष बस सेवाएं शुरू की गई हैं. बल्लभगढ़ से पहली बस 31 जनवरी सुबह 7 बजे चलेगी. इसके बाद हर आधे घंटे में बस मिलेगी. शनिवार और रविवार को यह अंतर घटाकर 15 मिनट कर दिया जाएगा. व्यवस्था को सुचारु रखने के लिए छह इंस्पेक्टरों की ड्यूटी भी लगाई जाएगी.

मेट्रो यात्रियों के लिए खास इंतजाम

मेट्रो से आने वाले पर्यटकों के लिए बड़खल मेट्रो स्टेशन से सूरजकुंड मेला स्थल तक मिनी बस सेवा उपलब्ध रहेगी. यह सेवा सुबह 8:30 बजे से शाम 6:30 बजे तक चलेगी. इससे दिल्ली और आसपास के इलाकों से आने वाले लोगों को बड़ी राहत मिलेगी.

किराया कितना देना होगा?

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार बड़खल मेट्रो स्टेशन से मेला परिसर तक बस का किराया 10 रुपये तय किया गया है. बदरपुर मेट्रो से आने वालों को 20 रुपये और बल्लभगढ़ से आने वाले यात्रियों को 25 रुपये किराया देना होगा. यह किराया आम लोगों की जेब के हिसाब से रखा गया है.

टिकट और पहुंचने के दूसरे विकल्प

मेले की टिकट दरों की आधिकारिक घोषणा अभी नहीं हुई है. पिछले साल हफ्ते के दिनों में टिकट 120 रुपये और वीकेंड पर 180 रुपये थी. एयरपोर्ट से आने वाले पर्यटक कैब के जरिए पहुंच सकते हैं. फरीदाबाद रेलवे स्टेशन से मेला करीब 8 से 10 किलोमीटर दूर है.