DEO ने घर को बनाया नोटों का पहाड़, कुबेर का खजाना भी फेल! VIDEO में देखें करोड़ों रुपये गिनने में मशीनों ने दिया जवाब

बिहार के बेतिया जिले के डीईओ (जिला शिक्षा पदाधिकारी) के घर पर छापेमारी की जा रही है. जहां से अबतक विजिलेंस टीम को करोड़ रुपये से ऊपर कैश मिले हैं. मिल रही जानकारी के मुताबिक DEO साहब के घर में बोरे के अंदर पैसे भर कर रखे थे.

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Shanu Sharma

Bettiah DEO Raid: बिहार के एक डीईओ साहब पर आज विजिलेंस टीम की गाज गिरी है. बेतिया के जिला शिक्षा पदाधिकारी के आवास से लेकर ससुराल तक छापेमारी की जा रही है. टीम आज सुबह से छापेमारी में जुटी है. रजनीकांत प्रवीण के 7 ठिकानों पर अबतक छापेमारी की गई. जहां से करोड़ से भी ऊपर रुपये कैश प्राप्त हुए हैं. 

मिल रही जानकारी के मुताबिक बेतिया, बगहा, समस्तीपुर, मधुबनी और दरभंगा में छापेमारि कई गई है. इन घरों से भारी संख्या में कैश मिले हैं. घर से पाए गए नोटों को गिनने के लिए मशीन बुलाया गया है. नोटों की गिनती की जा रही है, जिसके बाद यह पता चल पाएगा कि कितने पैसे प्राप्त हुए हैं. 

घर से फरार हुए डीईओ साहब के क्लर्क

बताया जा रहा है कि रजनीकांत प्रवीण के घर से बोरी से (जिसमें अनाज रखा जाता हो) नोट मिली है. जिसके बाद उनके ऊपर आय से अधिक मामला की कार्रवाई की जा रही है. लोगों का कहना है कि प्रवीण नालंदा के रहने वाले हैं, जिनकी पत्नी समस्तीपुर की है. पिचले तीन सालों से प्रवीण बेतिया में पोस्टेड हैं. वहीं विजिलेंस टीम डीईओ साहब के क्लर्क के घर भी पहुंची, लेकिन टीम के आने से पहले क्लर्क अंजनी कुमार वहां से चपत हो गए. उनका पूरा परिवार घर पर नहीं था और घर पर ताला लगा पाया गया. इस छापेमारी में कुल 40 लोटों की टीम जुटी है. 

आय से अधिक संपत्ति के मामले

रजनीकांत प्रवीण के घर और उनकी पत्नी के स्कूल पर भी छापेमारी की जा रही है. इसके अलावा उनके रिश्तेदारों के घर पर भी जांच एजेंसी ने दबिश दी है. डीईओ की सास निर्मला शर्मा रिटायर्ड टीचर हैं, वहीं उनकी साली समस्तीपुर में शिक्षिका के रूप में काम कर रही हैं. मिल रही जानकारी के मुताबिक रजनीकांत की पत्नी दरभंगा, समस्तीपरु और बगहा में भी निजी स्कूल चला रही थी.

इन सभी स्कूलों पर छापेमारी कर के जांच की जा रही है. अबतक मिली जानकारी के मुताबिक रजनीकांत 2005 में नौकरी में आए थे. तब से लेकर अबतक लगभग 1.87 करोड़ रुपए की संपत्ति अर्जित कर ली. जो की 20 सालों की सेवा में अर्जित कर पाना संभव नहीं है. इसके कारण उनके ऊपर कई आरोप भी लग रहे हैं. उन्होंने अबतक दरभंगा, समस्तीपुर, मधुबनी समेत अन्य जिलों में अपनी सेवा दी है.