सीरिया की राजधानी दमिश्क पर विद्रोहियों का कब्जा, शहर छोड़कर भागे राष्ट्रपति बशर अल असद!

Syria rebels nearing Damascus: सीरिया में तेजी से आगे बढ़ रहे विद्रोहियों ने कहा कि वे शनिवार (7 दिसंबर) को दमिश्क के निकट पहुंच गए हैं, हालांकि बशर अल-असद की सरकार ने इस बात से इनकार किया है कि सेना राजधानी के आसपास के इलाकों से हट गई है.

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Gyanendra Tiwari

Syria rebels nearing Damascus: सीरिया में विद्रोहियों की तेज प्रगति ने सरकार की स्थिति को गंभीर संकट में डाल दिया है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, विद्रोहियों ने राजधानी दमिश्क के बाहरी क्षेत्रों तक पहुंच बना ली है. यह घटनाक्रम सरकार और राष्ट्रपति बशर अल-असद के 24 साल पुराने शासन के लिए बड़ी चुनौती बन गया है. इस्लामी गुट के विद्रोही कमांडर हसन अब्दुल गनी ने कहा कि उनकी सेना ने दमिश्क को चारों ओर से घेरने की अंतिम प्रक्रिया शुरू कर दी है. हालांकि, सीरियाई रक्षा मंत्रालय ने इन दावों को खारिज किया है. उनके अनुसार, सरकारी बल दमिश्क के बाहरी इलाकों में अपनी स्थिति बनाए हुए हैं.

राष्ट्रपति असद ने भागने की अफवाहों को बताया फेक

इस बीच, राष्ट्रपति बशर अल-असद के कार्यालय ने अफवाहों को खारिज करते हुए कहा कि वह राजधानी में बने हुए हैं और अपने कर्तव्यों का पालन कर रहे हैं. असद के कार्यालय ने इसे "झूठी खबर और अफवाह" करार दिया.

होम्स में शुक्रवार रात से संघर्ष तेज हो गया है. सरकारी बलों ने विद्रोहियों को रोकने के लिए हवाई हमले किए और अतिरिक्त सैनिक तैनात किए. हालांकि, शनिवार तक विद्रोहियों ने शहर के उत्तरी और पूर्वी हिस्सों में घुसपैठ कर ली.

विद्रोहियों ने पिछले सप्ताह के दौरान देश के कई हिस्सों में तेजी से बढ़त बनाई है. उन्होंने अलेप्पो, हमा, और दीर अल-ज़ोर जैसे प्रमुख शहरों पर नियंत्रण कर लिया है. दक्षिणी क्षेत्रों जैसे कुनेत्रा, दाराआ और सुवैदा भी विद्रोहियों के कब्जे में चले गए हैं.

दमिश्क में अस्थिरता का खतरा बढ़ा

विद्रोहियों की राजधानी के करीब पहुंच से दमिश्क में अशांति की संभावना बढ़ गई है. एक प्रतीकात्मक कदम के तहत, दमिश्क के एक उपनगर में प्रदर्शनकारियों ने राष्ट्रपति असद के पिता की प्रतिमा गिरा दी. यह घटना शासन के प्रति बढ़ते असंतोष को दर्शाती है.

संघर्ष में भारी जान-माल का नुकसान

सीरिया में एक सप्ताह से जारी हिंसा में 826 से अधिक लोग मारे गए हैं, जिनमें से अधिकांश लड़ाके हैं. इसके अलावा, 111 नागरिक भी इस संघर्ष में अपनी जान गंवा चुके हैं. संयुक्त राष्ट्र के मुताबिक, इस संघर्ष के कारण करीब 3,70,000 लोग विस्थापित हो चुके हैं.

सरकार के नियंत्रण का पतन?

सप्ताहभर चले विद्रोहियों के अभियान से सरकार का नियंत्रण कमजोर होता दिख रहा है. कई इलाकों में सरकारी बलों को पीछे हटने पर मजबूर होना पड़ा है. रिपोर्ट्स बताती हैं कि विद्रोही अब दमिश्क से मात्र 30 किलोमीटर दूर हैं.

इस स्थिति ने न केवल असद सरकार के अस्तित्व पर सवाल खड़े किए हैं, बल्कि सीरिया की जनता के लिए भविष्य भी अनिश्चित कर दिया है. संघर्ष और विद्रोह के इस दौर में सीरिया एक गहरे राजनीतिक और मानवीय संकट का सामना कर रहा है.