West Bengal Assembly Election 2026 Assembly Election 2026

ये तस्वीर बहुत कुछ कहती है! पाकिस्तान से तनाव के बीच रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और तीनों सेना प्रमुखों के चेहरे पर मुस्कान

इस बैठक का नजारा देखने लायक था. पाकिस्तान की ओर से की गई हमलों के बावजूद, भारत के रक्षा प्रतिष्ठान के शीर्ष अधिकारी शांत, आत्मविश्वासी, संयमित और प्रसन्नचित्त दिखाई दिए.

Social Media
Gyanendra Sharma

भारत-पाकिस्तान के बीच जारी तनाव के बीच रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने आज तीनों सेनाओं के प्रमुखों के साथ बैठक की. इस बैठक की एक तस्वीर सामने आई है, जिसमें कल रात पाकिस्तान के साथ क्या हुआ इसकी कहानी बयां करती है. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और भारत के सशस्त्र बलों के प्रमुख नई दिल्ली में बंद कमरे में एक उच्च स्तरीय बैठक हुई. इस दौरान सभी शांत और मुस्कुराते हुए दिखे. 

इस बैठक में चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल अनिल चौहान के साथ थल सेनाध्यक्ष जनरल उपेंद्र द्विवेदी, एयर चीफ मार्शल एपी सिंह और नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश के त्रिपाठी शामिल हुए. यह बैठक पाकिस्तान द्वारा भारत की पश्चिमी सीमा पर ड्रोन और मिसाइल हमलों की लहर शुरू करने के 24 घंटे से भी कम समय बाद हुई.

इस बैठक का नजारा देखने लायक था. पाकिस्तान की ओर से की गई हमलों के बावजूद, भारत के रक्षा प्रतिष्ठान के शीर्ष अधिकारी शांत, आत्मविश्वासी, संयमित और प्रसन्नचित्त दिखाई दिए. जिससे राष्ट्र को एक स्पष्ट संदेश मिला भारत सुरक्षित है, इसका नेतृत्व सतर्क है, और चिंता का कोई बात नहीं है.

रक्षा मंत्री, चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ और तीनों सेनाओं के प्रमुखों के बीच 2 घंटों तक मीटिंग हुई. ब्रीफिंग के दौरान सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने पाकिस्तान के साथ मौजूदा हालात पर जानकारी दी, जबकि एयर चीफ मार्शल एपी सिंह ने भारतीय वायुसेना की जवाबी कार्रवाई के बारे में विस्तार से बताया. 

पाकिस्तान की तरफ से किए गए हमलों को भारत के मजबूत और बहुस्तरीय वायु रक्षा ग्रिड की बदौलत विफल कर दिया गया. भारत ने  50 से अधिक ड्रोन को बेअसर कर दिया और भारतीय हवाई क्षेत्र के 1,800 किलोमीटर के विशाल एरिया को सुरक्षित किया. सेना ने उधमपुर, सांबा, जम्मू, अखनूर, नगरोटा जम्मू और कश्मीर में पठानकोट पंजाब में बड़े पैमाने पर ड्रोन विरोधी अभियान चलाया. इस अभियान में एल-70 तोपों, ज़ू-23 मिमी, शिल्का और अन्य काउंटर-यूएएस प्लेटफार्मों सहित अत्याधुनिक प्रणालियों का उपयोग किया गया.