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137 गवाहों के बयान, डिजिटल सबूत... प्रज्वल रेवन्ना और उसके पिता के खिलाफ दायर 2144 पेज की चार्जशीट में क्या-क्या?

कर्नाटक पेन ड्राइव केस में फंसे जनता दल सेक्युलर के पूर्व सांसद प्रज्वल रेवन्ना और उसके पिता विधायक एचडी रेवन्ना के खिलाफ एसआईटी टीम ने शुक्रवार देर रात कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर दी. 2144 पेज की चार्जशीट में कहा गया है कि दोनों नेताओं के खिलाफ 137 गवाहों के बयान दर्ज किए गए हैं. प्रज्वल रेवन्ना और उसके पिता के खिलाफ दायर 2144 पेज की चार्जशीट में क्या-क्या है?

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प्रज्वल रेवन्ना मामले में एसआईटी की चार्जशीट में चौंकाने वाले विवरण दिए गए हैं. पूर्व जेडीएस सांसद प्रज्वल रेवन्ना पर बलात्कार और उनके पिता विधायक एचडी रेवन्ना पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया गया है. 2,144 पन्नों की चार्जशीट में कई अपराधों का विवरण दिया गया है. अधिकारियों ने शनिवार को बताया कि एक विशेष जांच दल ने जनता दल (सेक्युलर) के पूर्व सांसद प्रज्वल रेवन्ना के खिलाफ बलात्कार और उनके पिता एवं विधायक एचडी रेवन्ना के खिलाफ यौन उत्पीड़न के आरोप में आरोप पत्र दाखिल किया है.

एक पुलिस अधिकारी ने नाम न बताने की शर्त पर बताया कि शुक्रवार देर रात दाखिल की गई 2,144 पन्नों की चार्जशीट में 137 गवाहों के बयान शामिल हैं और इसमें रेवन्ना के घर में काम करने वाली एक महिला के साथ यौन शोषण, बलात्कार और धमकी सहित दोनों के अपराधों का भयावह विवरण दिया गया है. चार्जशीट में दोनों के खिलाफ आरोपों का समर्थन करने के लिए मौके पर निरीक्षण, जैविक, भौतिक, वैज्ञानिक, मोबाइल, डिजिटल और तकनीकी साक्ष्य भी शामिल हैं.

दोनों आरोपियों की रही है क्राइम हिस्ट्री

अधिकारी ने बताया कि दोनों नेताओं के खिलाफ जांच में यह भी पता चला कि प्रज्वल का कई महिलाओं का यौन उत्पीड़न करने, उत्पीड़न की रिकॉर्डिंग करने और फुटेज का इस्तेमाल कर उन्हें ब्लैकमेल करने का इतिहास रहा है. एसआईटी प्रज्वल के खिलाफ सामूहिक यौन शोषण के आरोपों की जांच कर रही है. प्रज्वल को जनता दल (सेक्युलर) से निलंबित कर दिया गया था, क्योंकि 26 अप्रैल को हसन लोकसभा सीट पर मतदान के कुछ घंटों बाद बड़ी संख्या में स्पष्ट वीडियो सार्वजनिक हो गए थे, जिनमें कथित तौर पर उन्हें कई महिलाओं का यौन शोषण करते हुए दिखाया गया था.

इसके बाद, कर्नाटक राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष नागलक्ष्मी चौधरी ने जांच की मांग की और कांग्रेस सरकार को पत्र लिखा, जिसके बाद सरकार ने जांच के आदेश दिए. कर्नाटक सरकार के अधिकारियों ने पहले कहा था कि हसन में प्रसारित पेन ड्राइव में 2,976 वीडियो थे, जिनमें से कुछ कुछ सेकंड के थे और कुछ कुछ मिनट के थे. प्रारंभिक जांच से पता चला है कि इनमें से अधिकांश वीडियो 2019 के बाद रेवन्ना के बेंगलुरु और हसन स्थित आवासों पर मोबाइल फोन से शूट किए गए थे. 

प्रज्वल ने लड़ा था लोकसभा चुनाव, मिली थी हार

प्रज्वल ने हाल ही में हासन से एनडीए उम्मीदवार के रूप में लोकसभा चुनाव लड़ा था और हार गए थे. चार्जशीट के अनुसार, एचडी रेवन्ना ने 2019 से 2022 के बीच कई बार घरेलू सहायिका का यौन उत्पीड़न किया. महिला को शुरू में रेवन्ना की पत्नी भवानी की सिफारिश पर हासन जिले के होलेनरसीपुर में पिछड़े वर्ग की लड़कियों के लिए एक छात्रावास में रसोई में सहायिका के रूप में काम पर रखा गया था. बाद में, उसे रेवन्ना के घर में काम पर लगा दिया गया.

पुलिस अधिकारी ने बताया कि आरोप पत्र में विस्तृत जानकारी दी गई है कि किस प्रकार पूर्व विधायक ने अपने पारिवारिक घर पर उसका उत्पीड़न किया. चार्जशीट में प्रज्वल पर एक ही महिला पर बार-बार हमला करने का आरोप है. इसमें 2020 की एक खास घटना का विवरण दिया गया है, जिसमें उसने बेंगलुरु के बसवनगुडी स्थित अपने घर में उसके साथ बलात्कार किया और अपने मोबाइल फोन पर इस हमले को रिकॉर्ड किया.

आरोप पत्र में आगे खुलासा किया गया है कि प्रज्वल ने इन रिकॉर्डिंग का इस्तेमाल महिला को ब्लैकमेल करने के लिए किया. रिकॉर्डिंग में महिला को पूर्व सांसद से विनती करते हुए सुना जा सकता है कि वह उसे ऐसा करने से रोके. हालांकि, वह उसे धमकाते हुए कहता है कि अगर तुमने यह बात किसी को बताई तो मैं तुम्हारे पति को जेल भेज दूंगा. मैं तुम्हारी बेटी के साथ भी ऐसा ही करूंगा. मुझे पता है कि किसी भी मामले को कैसे खत्म करना है, चाहे कुछ भी हो. मैं एक सांसद हूं और कोई भी मेरा कुछ नहीं बिगाड़ सकता. आरोप पत्र में कहा गया है कि उसने उसे जान से मारने की भी धमकी दी.

वीडियो वायरल हुए, तो सबूतों को मिटाने की कोशिश भी की

जांच के दौरान, एसआईटी को यह भी पता चला कि प्रज्वल ने कई अन्य महिलाओं का यौन उत्पीड़न किया, उत्पीड़न का वीडियो बनाया और वीडियो का इस्तेमाल महिलाओं को ब्लैकमेल करने के लिए किया. ये भी पाया गया कि जब वीडियो सार्वजनिक हो गए, तो प्रज्वल ने विदेश भागने और सबूतों को नष्ट करने का प्रयास किया, जिसमें आपत्तिजनक फुटेज वाले मोबाइल फोन भी शामिल थे.

आरोप पत्र केवल एक मामले से संबंधित है, एसआईटी को अभी अन्य मामलों में आरोप पत्र प्रस्तुत करना बाकी है, जिसमें अतिरिक्त बलात्कार के आरोप और हसन पेन ड्राइव मामला शामिल है. ये अगले कुछ दिनों में प्रस्तुत किए जाने की संभावना है. आरोप-पत्र में सत्ता के व्यवस्थित दुरुपयोग और कमजोर महिलाओं के शोषण को भी उजागर किया गया है.

पूर्व प्रधानमंत्री और जेडीएस सुप्रीमो एचडी देवेगौड़ा के बेटे विधायक एचडी रेवन्ना पर आईपीसी की धारा 354 और 354 (ए) के तहत आरोप लगाए गए हैं, जबकि उनके 33 साल के पोते प्रज्वल पर आईपीसी की धारा 376, 376 (2) (के), 354, 354 (ए) और 354 (बी) के तहत मामला दर्ज किया गया है.