PM Modi On GST Reforms: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में देश की आर्थिक नीतियों को 'नागरिक देवो भव' के मंत्र से जोड़ते हुए जनता के हित में किए गए सुधारों की सराहना की. उन्होंने जीएसटी और आयकर छूट को एक बड़ा कदम बताते हुए कहा कि ये सुधार देशवासियों के लिए बचत का उत्सव लेकर आए हैं. उनके मुताबिक, इन नीतियों ने एक साल में 2.5 लाख करोड़ रुपये से अधिक की बचत कराई है. यह बयान आर्थिक सुधारों और नागरिक कल्याण के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है.
नागरिकों के लिए बचत का उत्सव
मोदी ने 'नागरिक देवो भव' के मंत्र को अपनी सरकार की नीतियों का आधार बताया. उन्होंने कहा कि यह दृष्टिकोण जनता को केंद्र में रखता है और आर्थिक नीतियों में इसका असर साफ दिखता है. जीएसटी सुधारों को अगली पीढ़ी के लिए तैयार नीति बताते हुए उन्होंने इसे नागरिकों की वित्तीय सहूलियत से जोड़ा.
#WATCH | Prime Minister Narendra Modi says, "...We are moving forward by following the mantra of 'Nagrik Devo Bhava' and we can see its reflection in the next generation's GST reforms. If we combine the income tax exemption and the GST exemption, the decisions made in one year… pic.twitter.com/XdkoE8YX1p
— ANI (@ANI) September 21, 2025
आयकर और जीएसटी छूट का प्रभाव
प्रधानमंत्री ने बताया कि एक साल में आयकर और जीएसटी में दी गई छूट ने देशवासियों को 2.5 लाख करोड़ रुपये की बचत कराई है. यह राशि आम लोगों के लिए आर्थिक राहत का बड़ा स्रोत बनी है. ये कदम छोटे व्यापारियों और मध्यम वर्ग को विशेष रूप से लाभ पहुंचा रहे हैं.
अगली पीढ़ी के लिए सुधार
मोदी ने जीएसटी सुधारों को भविष्य की नींव बताया. उनके अनुसार, ये नीतियां न केवल वर्तमान में राहत दे रही हैं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए भी आर्थिक स्थिरता सुनिश्चित करेंगी. सरकार का लक्ष्य ऐसी व्यवस्था बनाना है, जो लंबे समय तक नागरिकों के लिए फायदेमंद हो.
आर्थिक नीतियों में जनता का विश्वास
प्रधानमंत्री ने कहा कि ये सुधार सरकार और जनता के बीच विश्वास को मजबूत करते हैं. लोग इन नीतियों को अपने जीवन में सकारात्मक बदलाव के रूप में देख रहे हैं. 'बचत उत्सव' की संज्ञा देकर मोदी ने इस बात पर जोर दिया कि सरकार का हर कदम नागरिकों के कल्याण के लिए है.