अब और घातक होगी भारतीय सेना, DAC ने फ्रांस से 114 राफेल लड़ाकू विमान खरीद को दी मंजूरी
डीएसी जो सभी बड़े पूंजीगत खरीद सौदों पर निर्णय लेने वाली प्रमुख संस्था है, ने भी अमेरिका से छह अतिरिक्त पी-8आई समुद्री निगरानी और पनडुब्बी रोधी युद्धक विमानों की खरीद को मंजूरी दी है.
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता वाली रक्षा अधिग्रहण परिषद (DAC) ने गुरुवार को तीनों सेनाओं के कई अधिग्रहण प्रस्तावों को मंजूरी दी. मामले के जानकार शीर्ष अधिकारियों ने एक मीडिया चैनल को बताया कि इसमें फ्रांस से 114 राफेल लड़ाकू जेट खरीदने का सौदा भी शामिल है.
डीएसी जो सभी बड़े पूंजीगत खरीद सौदों पर निर्णय लेने वाली प्रमुख संस्था है, ने भी अमेरिका से छह अतिरिक्त पी-8आई समुद्री निगरानी और पनडुब्बी रोधी युद्धक विमानों की खरीद को मंजूरी दी है.
3.25 लाख रुपए सौदे की कीमत
इस सौदे की कुल कीमत लगभग 3.25 लाख करोड़ रुपए बताई जा रही है. हालांकि रक्षा अधिग्रहण परिषद की मंजूरी के बाद इस सौदे को पीएम मोदी की अध्यक्षता वाली कैबिनेट कमेटी ऑन सिक्योरिटी से भी मंजूरी लेनी होगी.
इस सौदे की कुल कीमत लगभग 3.25 लाख करोड़ रुपए बताई जा रही है. हालांकि रक्षा अधिग्रहण परिषद की मंजूरी के बाद इस सौदे को पीएम मोदी की अध्यक्षता वाली कैबिनेट कमेटी ऑन सिक्योरिटी से भी मंजूरी लेनी होगी.
विमानों की भीषण कमी से जूझ रही वायु सेना
रक्षा अधिग्रहण परिषद का यह फैसला ऐसे समय में आया है जब भारतीय वायु सेना विमानों की भारी कमी से जूझ रही है. एयरफोर्स के पास इस समय केवल 29 स्क्वाड्रन ही शेष बचे हैं.
भारत में ही बनाए जाएंगे 96 राफेल विमान
इस प्रस्ताव के अनुसार, भारत फ्रांस की कंपनी डसॉल्ट एविएशन से 18 राफेल विमान सीधे खरीदेगा, बाकी 96 विमान भारत में ही बनाए जाएंगे. इनमें से कुछ विमान टू सीटर होंगे जिनका इस्तेमाल पायलटों को ट्रेनिंग देने के लिए किया जाएगा. डील में राफेल निर्माण की तकनीक भारत को देने और मेक इन इंडिया को बढ़ावा देने की भी बात शामिल है.