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Bansuri Swaraj Bag Video: 'नेशनल हेराल्ड की लूट' लिखा बैग डालकर कहां पहुंची बांसुरी स्वराज?

बांसुरी स्वराज ने अपने बैग के संदेश के जरिए नेशनल हेराल्ड मामले में कांग्रेस की कथित अनियमितताओं को उजागर करने की कोशिश की. इस बैग का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया, जिसके बाद सियासी हलचल और तेज हो गई.

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Gyanendra Sharma

भारतीय जनता पार्टी  की सांसद बांसुरी स्वराज मंगलवार  को 'एक राष्ट्र, एक चुनाव' पर संयुक्त संसदीय समिति की बैठक में हिस्सा लेने के लिए संसद भवन पहुंचीं. इस दौरान उनके हाथ में एक काला बैग सबका ध्यान खींच रहा था, जिस पर बड़े अक्षरों में लिखा था- "नेशनल हेराल्ड की लूट." यह बैग न केवल एक फैशन स्टेटमेंट था, बल्कि कांग्रेस और गांधी परिवार पर सीधा राजनीतिक हमला भी 

बांसुरी स्वराज ने अपने बैग के संदेश के जरिए नेशनल हेराल्ड मामले में कांग्रेस की कथित अनियमितताओं को उजागर करने की कोशिश की. इस बैग का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया, जिसके बाद सियासी हलचल और तेज हो गई. जब उनसे इस बैग के पीछे का मकसद पूछा गया, तो बांसुरी ने कहा, "यह पहली बार है कि लोकतंत्र के चौथे स्तंभ-मीडिया में भ्रष्टाचार हुआ है. प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की चार्जशीट कांग्रेस की पुरानी कार्यशैली और विचारधारा को उजागर करती है. सेवा के नाम पर वे सार्वजनिक संस्थानों को अपनी निजी संपत्ति बढ़ाने का साधन बनाते हैं. यह बहुत गंभीर मामला है."

नेशनल हेराल्ड केस लंबे समय से चर्चा में है. यह मामला 1938 में पंडित जवाहरलाल नेहरू द्वारा स्थापित अखबार नेशनल हेराल्ड और उसकी प्रकाशन कंपनी एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटेड (एजेएल) से जुड़ा है. ईडी का आरोप है कि कांग्रेस ने इस अखबार के जरिए वित्तीय अनियमितताएं कीं और यंग इंडिया लिमिटेड नामक कंपनी के माध्यम से 2000 करोड़ रुपये की संपत्ति को मात्र 50 लाख रुपये में हासिल कर लिया. हाल ही में, ईडी ने सोनिया गांधी, राहुल गांधी, सैम पित्रोदा और सुमन दुबे के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप में चार्जशीट दाखिल की है. 

प्रियंका गांधी के बैग से तुलना

बांसुरी स्वराज का यह कदम कुछ हद तक कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा के हालिया विवाद से जोड़ा जा रहा है.  दिसंबर 2024 में प्रियंका गांधी संसद में एक बैग लेकर पहुंची थीं, जिस पर "फिलिस्तीन" लिखा था. इस बैग ने भी खूब सुर्खियां बटोरी थीं, और भाजपा नेताओं ने उन पर सांप्रदायिक रुख अपनाने और बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ हिंसा पर चुप्पी साधने का आरोप लगाया था. इसके अगले दिन प्रियंका ने एक और बैग लिया, जिस पर लिखा था, "बांग्लादेश के हिंदुओं और ईसाइयों के साथ खड़े हों." बांसुरी के बैग को प्रियंका के इस कदम का जवाब माना जा रहा है.