सचिन तेंदुलकर ने रोहित शर्मा के टेस्ट संन्यास पर उनके डेब्यू को किया याद, लिखा खास संदेश
Rohit Sharma Test Retirement: रोहित शर्मा ने टेस्ट क्रिकेट से संन्यास का ऐलान कर दिया है और अब वे इस फॉर्मेट में खेलते हुए दिखाई नहीं देंगे. ऐसे में सचिन तेंदुलकर ने उनके रिटायरमेंट पर एक भावुक संदेश साझा किया है.
Rohit Sharma Test Retirement: भारतीय क्रिकेट के दिग्गज सचिन तेंदुलकर ने रोहित शर्मा के टेस्ट क्रिकेट से संन्यास की घोषणा के बाद उनके शानदार डेब्यू को याद किया. रोहित ने 7 मई को इंग्लैंड दौरे से ठीक पहले टेस्ट क्रिकेट को अलविदा कहने का फैसला किया. सचिन ने रोहित के करियर की शुरुआत और उनके योगदान को याद करते हुए एक भावुक संदेश साझा किया.
रोहित शर्मा ने 2013 में कोलकाता के ऐतिहासिक ईडन गार्डन्स स्टेडियम में वेस्टइंडीज के खिलाफ टेस्ट क्रिकेट में कदम रखा था. अपने पहले ही मैच में उन्होंने 177 रनों की शानदार पारी खेलकर सबका ध्यान खींचा. इस पारी ने भारत को 156/6 की मुश्किल स्थिति से उबारने में अहम भूमिका निभाई. सचिन ने खुद रोहित को उनकी टेस्ट कैप सौंपी थी, और इस पल को याद करते हुए उन्होंने अपने संदेश में इसकी चर्चा की.
सचिन तेंदुलकर का भावुक संदेश
सचिन ने अपने एक्स अकाउंट पर रोहित के लिए एक खास संदेश लिखा. उन्होंने कहा, “मुझे याद है जब 2013 में ईडन गार्डन्स में मैंने तुम्हें टेस्ट कैप दी थी, और हाल ही में वानखेड़े स्टेडियम की बालकनी में तुम्हारे साथ खड़ा था. तुम्हारा सफर शानदार रहा है. एक खिलाड़ी और कप्तान के रूप में तुमने भारतीय क्रिकेट को अपना सर्वश्रेष्ठ दिया. रोहित, तुम्हारे टेस्ट करियर के लिए बधाई और भविष्य के लिए शुभकामनाएं.”
रोहित का शानदार करियर
रोहित ने अपने पहले टेस्ट में प्लेयर ऑफ द मैच का खिताब जीता और इसके बाद अपने दूसरे टेस्ट में वानखेड़े स्टेडियम में एक और शतक जड़ा. यह मैच सचिन का आखिरी अंतरराष्ट्रीय मैच भी था. 2019 में टेस्ट क्रिकेट में सलामी बल्लेबाज के रूप में वापसी के बाद रोहित ने शानदार प्रदर्शन किया. उन्होंने 67 टेस्ट मैचों में 4301 रन बनाए, जिसमें 12 शतक शामिल हैं. उनकी बल्लेबाजी का औसत 40.57 रहा और उन्होंने 88 छक्के लगाए, जो वीरेंद्र सहवाग (91 छक्के) के बाद किसी भारतीय बल्लेबाज द्वारा सबसे ज्यादा हैं.
कप्तानी में भी छोड़ी छाप
रोहित ने 24 टेस्ट मैचों में भारत की कप्तानी की, जिसमें 12 में जीत, 9 में हार और 3 ड्रॉ रहे. उनकी कप्तानी में भारत ने कई यादगार जीत हासिल कीं. रोहित का टेस्ट क्रिकेट में योगदान हमेशा याद रखा जाएगा.