LG ने मान ली केजरीवाल की बात, क्या लग जाएगी CM के इस्तीफे पर मुहर?

Arvind Kejriwal: दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल मंगलवार को उपराज्यपाल वीके सक्सेना से मिलेंगे और अपना इस्तीफा सौंपेंगे. आम आदमी पार्टी ने कहा कि मुख्यमंत्री ने एलजी से मुलाकात के लिए समय मांगा था. सुप्रीम कोर्ट से रिहा होने के बाद केजरीवाल ने अपने इस्तीफे की बात कही थी.

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Arvind Kejriwal: दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल मंगलवार को अपना इस्तीफा सौंप सकते हैं. समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक,दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल मंगलवार को शाम 4:30 बजे लेफ्टिनेंट गवर्नर वीके सक्सेना से मुलाकात करेंगे और अपना इस्तीफा सौंप सकते हैं. आम आदमी पार्टी ने एजेंसी को बताया  कि मुख्यमंत्री ने मंगलवार को बैठक के लिए सक्सेना से समय मांगा है.  इस दौरान उनके इस्तीफा देने की संभावना है.

केजरीवाल की घोषणा?

पीटीआई की एक रिपोर्ट के मुताबिक, एलजी ने दिल्ली के सीएम केजरीवाल को मंगलवार शाम 4:30 बजे मुलाकात के लिए समय दिया है.  रविवार को केजरीवाल ने अपने पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए इस्तीफे की घोषणा की थी. 54 वर्षीय नेता ने कहा था कि मैं 2 दिनों के बाद इस्तीफा देने जा रहा हूं. लोगों से पूछूंगा कि क्या मैं ईमानदार हूं. जब तक वे जवाब नहीं देते, मैं सीएम की कुर्सी पर नहीं बैठूंगा.  मैं सीएम की कुर्सी पर तभी बैठूंगा जब लोग मुझे ईमानदारी का सर्टिफिकेट देंगे.  जेल से बाहर आने के बाद मैं अग्निपरीक्षा देना चाहता हूं.

केजरीवाल ने यह  घोषणा दिल्ली आबकारी नीति मामले से जुड़े केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) द्वारा दायर भ्रष्टाचार के एक मामले में सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिलने पर दिल्ली की तिहाड़ जेल से बाहर आने के दो दिन बाद की.

क्या बोले सौरभ भारद्वाज?

दिल्ली के मंत्री सौरभ भारद्वाज ने कहा कि सीएम पद की शपथ लेने वाले नेता का चुनाव करने के लिए विधायक दल की बैठक होगी. सौरभ ने समाचार एजेंसी एएनआई से कहा कि जो भी निर्वाचित होगा वह उपराज्यपाल के माध्यम से राष्ट्रपति के समक्ष दावा पेश करेगा.  विधायक हमारे साथ हैं. इसलिए जाहिर है कि उस व्यक्ति को बुलाया जाएगा और वह शपथ लेगा. मुझे लगता है कि यह पूरी प्रक्रिया एक सप्ताह के भीतर पूरी हो जानी चाहिए.उन्होंने आगे कहा कि बीते दो सालों में भारतीय जनता पार्टी ने जो कुछ भी किया है उसके बावजूद मुख्यमंत्री को अभी भी लोगों और उनकी ईमानदारी पर भरोसा है.. दिल्ली के लोग चुनाव होने के लिए उत्सुक हैं, ताकि वे वोट कर सकें और अरविंद केजरीवाल को फिर से मुख्यमंत्री बना सकें.