Gold and Silver Rate: सोने की कीमतों में भारी गिरावट! जून में 34,900 रुपये तक टूटा 100 ग्राम गोल्ड, जानें 1 जुलाई का हाल
भारत में सोने की कीमतें तय करने के पीछे कई अहम फैक्टर होते हैं. सबसे पहले तो अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने का भाव क्या है, इसका बड़ा असर यहां की कीमतों पर पड़ता है. इसके साथ ही अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपये की वैल्यू भी कीमतों को प्रभावित करती है.
Gold-Silver Price: जून 2025 में सोने की कीमतों ने हर किसी को चौंका दिया. बीते कुछ दिनों में सोने के रेट में ऐसी गिरावट देखने को मिली, जैसी बहुत कम देखने को मिलती है. इजराइल और ईरान के बीच चल रहे तनाव का असर जैसे ही खत्म हुआ, सोने के दाम धड़ाम हो गए. 24 जून के बाद से लगातार गिरावट का सिलसिला जारी रहा और 30 जून तक आते-आते 24 कैरेट सोने के 100 ग्राम पर 34,900 रुपये तक की भारी गिरावट दर्ज की गई. 30 जून को 22 कैरेट गोल्ड की कीमत 150 रुपये घटकर 89,150 रुपये प्रति 10 ग्राम रह गई.
वहीं 24 कैरेट सोने के दाम 160 रुपये टूटकर 97,260 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गए. 23 जून से 30 जून के बीच सिर्फ 8 दिनों में 100 ग्राम 24 कैरेट सोना 34,900 रुपये सस्ता हुआ. इसमें 24 जून को ही 14,700 रुपये की बड़ी गिरावट देखी गई, जो सबसे बड़ी गिरावट थी.
1 जुलाई को गोल्ड रेट
जानकारों का मानना है कि 1 जुलाई से गोल्ड मार्केट में हलचल बढ़ सकती है. अमेरिका के बेरोजगारी, पेरोल और आर्थिक आंकड़े सोने की चाल को तय करेंगे. अनुमान है कि सोना आने वाले दिनों में 94,000 से 97,500 रुपये प्रति 10 ग्राम के दायरे में रह सकता है.
आज क्या है आपके शहर में सोने का रेट
आज क्या है आपके शहर में सिल्वर का रेट
डॉलर इंडेक्स और ग्लोबल असर
डॉलर में कमजोरी और ट्रम्प द्वारा व्यापार समझौते की घोषणाएं भी सोने की चाल में बड़ा रोल निभा रही हैं. इसके अलावा इजराइल-ईरान युद्धविराम भी बाजार की स्थिरता का संकेत दे रहा है.
भारत में कैसे तय होती है सोने की कीमत?
भारत में सोने की कीमतें तय करने के पीछे कई अहम फैक्टर होते हैं. सबसे पहले तो अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने का भाव क्या है, इसका बड़ा असर यहां की कीमतों पर पड़ता है. इसके साथ ही अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपये की वैल्यू भी कीमतों को प्रभावित करती है. अगर रुपया कमजोर होता है तो सोना महंगा हो जाता है. इसके अलावा सरकार द्वारा लगाए गए आयात शुल्क, जीएसटी और दूसरे टैक्स भी इसकी कीमत को बढ़ा सकते हैं. भारत में सोना केवल एक निवेश नहीं, बल्कि परंपराओं और भावनाओं से जुड़ा होता है.